पहला अनुभव मां के साथ – Part 2 indiasex stories
मैं लन्ड को सहला रहा था तभी मैंने देखा मेरी अम्मी दरवाज़े के पास खड़ी थी, मैं घबरा गया और जल्दी से शॉर्ट्स को ऊपर कर लिया,अम्मी कुछ नहीं बोली चुप चाप चली गई
मैं लन्ड को सहला रहा था तभी मैंने देखा मेरी अम्मी दरवाज़े के पास खड़ी थी, मैं घबरा गया और जल्दी से शॉर्ट्स को ऊपर कर लिया,अम्मी कुछ नहीं बोली चुप चाप चली गई
मैं लन्ड को सहला रहा था तभी मैंने देखा मेरी अम्मी दरवाज़े के पास खड़ी थी, मैं घबरा गया और जल्दी से शॉर्ट्स को ऊपर कर लिया,अम्मी कुछ नहीं बोली चुप चाप चली गई
फिर मुझ से रहा नहीं गया मैं उनके सामने खड़ी हो गई,वो मेरे बदन को हवस भरी नजरों से देखने लगे,फिर अचानक से बाथरूम में चले गए,शायद मुठ मारने गए थे
वो देखने में बहुत सुंदर थी,उसके बूब्स बहुत बड़े बड़े थे,गांड की गोलाई इतनी गदराई हुई के देख कर ही लन्ड अगड़ाई लेने लगे,मैं तो आरती को उसी समय चोदना चाहता था
मंजू हमेशा साड़ी पहनती थी वो भी दीप ब्लाउज़ के साथ,काम करते समय मंजू का पल्लू गिरता तो उनके बूब्स के दर्शन हो जाते थे
तभी उनकी नियत फिसली हुई है,किसी न किसी बहाने से मेरी गांड को छू लेते या फिर हाथ फेर देते है,मैने भी कभी कुछ नहीं बोला क्योंकि मैं भी मज़े लेती थी
मैं चुदाई के लिए तड़पने लगी,बात आज से सात पहले की है,जब मेरे पति के बुआ का लड़का गर्मियों की छुट्टियां बिताने आया,जब से उसे देखा
वो देखने में गज़ब की बला हैं,बड़ी बड़ी गांड उसकी, चूचियां भी बहुत बड़ी थी, मुझे उस समय बूब्स के साइज के बारे में कुछ नहीं पता था
मेरी मौसी का नाम सरला है,उनको उम्र 35 साल है उनका बदन गठीला है, बड़ी बड़ी चूचियां कसी हुई,उभरा हुआ बदन बिल्कुल हरा भरा, मौसा जी बहुत किस्मत वाले है
मैं सफाई के बहाने उसे अपने बूब्स दिखाने लगी,पहले तो वो टांगे फैला कर बैठा था फिर कुछ समय बाद दोनों टांगो को एक दूसरे पर रख कर बैठ गया,
बूब्स इतने बड़े थे के अभी ब्लाउज़ से बाहर आ जाएंगे,उसकी उम्र 32–34 के बीच रही होगी,फिर मैंने बोला आप को ड्रॉप कर दूंगा जहां भी जाना हैं वो मुस्कुराई और सामान को रख कर बैठ गई
फिर अगले दिन मैं ऑफ आया सब को हैलो करने के बाद केबिन में बैठ गया तभी मुझे रीमा ने अपने केबिन में बुलाया, मैंने सोचा इतनी सुबह ये ऑफिस भी आ गई